Ratlam:पार्षदों की बैठक बुलाने में लापरवाह धामनोद नगर परिषद, चार महीने से अटके भवन- भूखण्ड नामांतरण
Last Updated: जनवरी 18, 2024 " 10:01 पूर्वाह्न"
अटके पड़े नामांतरण प्रकरण, नही मिल रही भवन निर्माण परमिशन-
रतलाम। जिले की नगर परिषद धामनोद पार्षदों की बैठक बुलाने में काफी लापरवाह है। परिणामस्वरूप नगर के विकास कार्य और शासन की योजनाओं का लाभ नागरिकों तक पहुंचाने पर चर्चा नहीं हो पा रही है। धामनोद नगर परिषद में सितंबर माह के बाद से आज दिनांक तक परिषद का सम्मेलन नहीं बुलाया गया। पूरे 111 दिन बीतने के बाद भी नगर परिषद की साधारण बैठक नहीं बुलाने के फलस्वरूप अब परिषद की विशेष बैठक बुलाने की नौबत आ गई हैं।
धामनोद नगर परिषद की बैठक बुलाने में मुख्य जवाबदारों की लापरवाही के कारण नगर के विकास की योजनाओं पर चर्चा नही हो पा रही है। परिणामस्वरूप नगर में कई नागरिकों के नामांतरण प्रकरण की फाईलें भी तीन- चार माह से अटकी पडी है, नागरिकों के भवन- भूखण्ड नामांतरण नहीं होने से भवन निर्माण परमिशन भी नही हो रही हैं, ओर अगर किन्ही नागरिकों ने भवन निर्माण कर लिया तो ऐसे में नियम अनुसार संबंधित पर हजारों रुपये का कंपाउंडिंग चार्ज लग सकता हैं। जिसमें परिषद की लापरवाही के कारण नागरिकों को आर्थिक हानि होगी।
नामांतरण करवाने और भवन- भूखण्ड पर निर्माण कार्य करने हेतु परमिशन हेतु नागरिक नगर परिषद में चक्कर लगाने पर मजबूर है, जहां नागरिकों को रटा रटाया जबाब- “परिषद की बैठक नहीं हुई है, जब परिषद की बैठक होगी तब नामांतरण होगा”, जिससे नागरिक मानसिक परेशान भी हो रहें है।
27 सितंबर के बाद से नहीं हुई पार्षदों की बैठक- नियमों के अनुसार परिषद की बैठक दो महीने में कम से कम एक बार आयोजित की जाना है, लेकिन यहां पूरे 111 दिन बाद भी परिषद की बैठक नहीं बुलाया गया। अब आनन फानन में परिषद की विशेष बैठक बुलाने की बात कही जा रही हैं। बतादे कि परिषद की साधारण बैठक की तारीख से पूरे 7 दिन पहले पार्षदों को बैठक की कार्यसूची भेजना आवश्यक है। वही विशेष बैठक के लिये कार्यसूची के साथ सूचना प्रत्येक पार्षद को बैठक की तारीख के पूरे 3 दिन पहले भेजा जाना आवश्यक है।
पार्षदों का आरोप- परिषद की बैठक लंबी अवधि से नहीं बुलाने पर नागरिकों के मुद्दे परिषद में नहीं रखे जा रहें हैं, निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन हो रहा हैं। नागरिक अपने छोटे मोटे कार्य लेकर वार्ड पार्षदों के पास पहुंच रहें है। लेकिन परिषद बैठक नहीं होने से पार्षद अपने वार्ड कि समस्याएं को परिषद में नहीं रख पा रहें हैं। कर्मचारी अधिकारी पार्षदों को महत्व नहीं दे रहे पार्षद द्वारा कर्मचारियों को कार्य बताने पर ध्यान हि नही दिया जा रहा हैं, जिससे नगर में सफाई, पेयजल और सड़क बत्ती जैसे मूलभूत सुविधाओं का भी हाल बे हाल है।
इनका कहना है- जगदीश प्रसाद भैरवे सीएमओ नगर परिषद धामनोद- परिषद की विशेष बैठक दो तीन दिन में बुला ली जाएगी , आज इस पर चर्चा भी हुई हैं।