नप चुनाव :राजाराम की निष्ठा, त्याग की कद्र करेगी कांग्रेस ?
Last Updated: फ़रवरी 18, 2021 " 11:37 पूर्वाह्न"
रतलाम/धामनोद| आगामी नगर परिषद धामनोद के चुनाव को लेकर एक माह पूर्व देहाती कहावतें खुब बोलीं एवं सुनी जा रहीं थी कि “पड़ी लकड़ी उठाएं कौन, “उडता तीर लेगा कोई”? दीपक लेकर “ढूढने” पर नहीं मिलना यह सब कहावतें कांग्रेस के बारें में बोली एवं सुनी जा रहीं थी| लेकिन कांग्रेस के प्रति समर्पित कुछ युवाओं ने इन कहावतों के विपरीत जा कर आगामी नगर परिषद चुनाव में कांग्रेस की नगर परिषद बनाने की हूंकार भर है| रतलाम जिले के रतलाम ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत आने वाली नगर परिषद धामनोद में कांग्रेस का कब्जा था लेकिन इसके बावजूद धामनोद में कांग्रेस का जनाधार लगातार घटता गया लोकसभा, विधानसभा चुनाव में भी धामनोद से कांग्रेस का जनाधार लगातार घटा है| वहीं भाजपा का जनाधार देख कर कांग्रेस से दलबदलू होकर बड़ी तादाद में भाजपा में शामिल हुए ,दलबदलूओ में पूर्व पार्षद एवं पार्षद भी शामिल हैं अब यह दलबदलू नेता नप चुनाव में भाजपा से टिकट की मांग कर रहे हैं जिससे भाजपा पार्टी में भी खलबली मची हुई है| नप चुनाव के लिए कांग्रेस को एक माह पूर्व जहा प्रत्याशी नहीं मिल रहें थे वहीं अब भावी उम्मीदवार दमखम से कांग्रेस पार्टी से टिकट की मांग कर रहे हैं| नगर परिषद धामनोद के अध्यक्ष पद हेतु कांग्रेस से टिकट की दावेदारी करने वाले राजाराम डोडियार वर्तमान में कांग्रेस के लिहाज से पार्टी के प्रति समर्पित दावेदार है राजाराम डोडियार ने कुछ मौके पर संगठन के लिए अपने हित् तथा सत्ता का मौह त्याग किया है गत चुनाव में पार्टी के वरिष्ठ नेता के लिए पार्षद पद की दावेदारी से अपना नाम वापस लिया था लेकिन जिस वरिष्ठ कांग्रेस नेता के लिए राजाराम डोडियार ने अपना नाम वापस लेकर उक्त नेता को पार्षदी जिताने में अहम भूमिका निभाई आज वह पार्षद दलबदलू होकर भाजपा में शामिल हैं| राजाराम डोडियार एक जमीनी कार्यकर्ता हैं जिनकी आदीवासी क्षेत्र में अच्छी पकड़ बताई जाती है साथ ही डोडियार की छवि दबंग नेता की रहीं हैं भष्ट्राचार एवं मनमानी पर खुलकर विरोध करने वाले डोडियार कभी कभी अपनी पार्टी के नेताओं का भी खुल कर विरोध करने से भी नहीं चूकते हैं , इसलिए धामनोद में बेठे कांग्रेस के स्वयंभू नेताओं की आंखों में डोडियार हमेशा से खटकते रहे हैं| अब देखना होगा कि कांग्रेस अपने निष्ठावान, समर्पित कार्यकर्ता को कबतक नजर अंदाज करतीं हैं|