Ratlam:जिले में प्राइवेट स्कूल मनमर्जी से किसी दुकान विशेष से शैक्षणिक सामग्री क्रय करने हेतु पालकों को विवश नहीं कर पाएंगे

  
Last Updated:  फ़रवरी 12, 2024 " 08:21 अपराह्न"

कलेक्टर ने बैठक में सख्ती बरतने के दिए निर्देश

रतलाम। जिले के सभी एसडीएम तथा शिक्षा विभाग यह सुनिश्चित करें कि प्राइवेट स्कूल अपनी मनमर्जी से किसी दुकान विशेष से विद्यार्थियों को शैक्षणिक सामग्री खरीदने के लिए विवश नहीं करें। उक्त निर्देश कलेक्टर भास्कर लाक्षाकार द्वारा सोमवार शाम संपन्न समय सीमा पत्रों की समीक्षा बैठक में दिए गए। बैठक में सीईओ जिला पंचायत अमन वैष्णवअपर कलेक्टर आर.एस. मंडलोईडॉ. शालिनी श्रीवास्तवएसडीएम संजीव पांडे सहित जिलाधिकारी उपस्थित थे।

कलेक्टर ने बताया कि प्राइवेट स्कूलों में शैक्षणिक सामग्री विद्यार्थियों द्वारा क्रय करने के सम्बन्ध में जिला दंडाधिकारी स्तर से धारा 144 के तहत आदेश जारी किया जा चुका है। इस आदेश का पूर्णतः पालन सभी एसडीएम तथा जिला शिक्षा विभाग द्वारा करवाया जाएगा। इसी तरह प्राइवेट स्कूलों में फीस की एक निश्चित सीमा निर्धारित रहेगीशासन द्वारा जारी नियमों के तहत ही प्राइवेट स्कूल एक सीमा तक फीस तथा पैनल्टी वसूल कर सकेंगे। इस संबंध में भी सख्ती से नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाए। शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान जिला शिक्षा अधिकारी के.सी. शर्मा द्वारा कलेक्टर के विभिन्न आदेशों का पालन नहीं करना पाए जाने पर कलेक्टर द्वारा श्री शर्मा की जारी माह की सैलरी रोके जाने तथा एक अन्य प्रकरण में कल्ोक्टर के आदेश का पालन नहीं करने पर श्री शर्मा का तीन दिवस का वेतन राजसात करने के निर्देश कलेक्टर ने दिए।

बैठक में नगर निगम के कार्यों की समीक्षा की गई। कलेक्टर भास्कर लाक्षाकार द्वारा विभिन्न कार्यों की जांच नगर निगम को विगत दिनों सौंपी जाने तथा जांच कार्य पूर्ण नहीं करने पर सख्त नाराजगी व्यक्त करते हुए कलेक्टर ने अन्य अधिकारियों को जांच कार्य करने के निर्देश दिए। इसके अलावा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में शिकायतों के निराकरण में रुचि नहीं लिए जाने पर कल्ोक्टर ने कहा कि नगर निगम के संबंध में नगरीय विकास विभाग को पत्र लिखा जाएगा कि नगर निगम द्वारा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में शिकायतों का निराकरण नहीं किया जा रहा है। इसके अलावा महिला बाल विकास विभाग द्वारा भी मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में शिकायतों के निराकरण नहीं किए जाने पर कलेक्टर द्वारा सख्त नाराजगी व्यक्त की गई। विभाग के पास 330 लाडली बहना संबंधी शिकायतें लंबित है। बताया गया कि विभाग ने मात्र 10 शिकायतों का निराकरण विगत 15 दिवसों में किया है।

मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में जिले के नगर पालिका अधिकारियों द्वारा अपेक्षित कार्य नहीं किए जाने पर कलेक्टर ने नाराजगी व्यक्त करते हुए शहरी विकास अभिकरण अधिकारी श्री पाठक को निर्देशित किया कि वह नगर पालिका अधिकारियों की बैठक बुलाकर मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण के लिए समीक्षा करें। बताया गया कि जावरा नगर पालिका की 100 दिवस से ऊपर 67 शिकायतें लंबित है। इसी प्रकार आलोट में 49 शिकायतें लंबित हैं।

बैठक में कलेक्टर ने समीक्षा के दौरान कहा कि अब अपर कलेक्टर श्री मंडलोई निर्माण विभागों के भू आवंटन के मामलों में समन्वय करेंगे ताकि भूमि के आवंटन में देरी नहीं होइस संबंध में कलेक्टर द्वारा लोक निर्माण विभाग और वन विभाग के मध्य भू आवंटन को लेकर उचित समन्वय नहीं पाए जाने पर दोनों विभागों के प्रति नाराजगी व्यक्त की गई। बैठक में विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति स्वीकृति के संबंध में अनुमोदन समय सीमा में नहीं पाए जाने पर समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने जावरा पॉलिटेक्निक कॉलेज के प्राचार्य तथा एक अन्य स्कूलों के प्राचार्यों का वेतन रोकने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने उनके द्वारा विगत दिनों शहर में किए गए रसोई गैस सिलेंडर गोडाउंस के निरीक्षण पर चर्चा करते हुए जिला आपूर्ति अधिकारी को निर्देशित किया कि शहर में मौजूद गैस गोडाउंस को शहर के बाहर शिफ्ट किए जाने हेतु कार्य योजना बनाकर मंगलवार दोपहर तक प्रस्तुत करें।

chief editor Uttam Sharma. mk choudhari
Spasht.K@gmail.com
Spashtkhabar16@gmil.com

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