शहीद दिवस 2021: भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु को पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

  
Last Updated:  मार्च 23, 2021 " 11:11 पूर्वाह्न"

नई दिल्‍ली|
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को स्वतंत्रता सेनानी भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु को श्रद्धांजलि दी। मोदी ने एक वीडियो साझा करते हुए ट्वीट किया, ‘‘ आजादी के क्रांतिदूत अमर शहीद वीर भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु को शहीदी दिवस पर शत-शत नमन। मां भारती के इन महान सपूतों का बलिदान देश की हर पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत बना रहेगा। जय हिंद। शहीद दिवस।’’ वर्ष 1931 में भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान क्रांतिकारी भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को 23 मार्च को ही अंग्रेजों ने फांसी दी थी। आज के दिन को ‘शहीद दिवस’ के तौर पर मनाया जाता है।

भगत सिंह का जन्म 1907 में हुआ था। बेहद कम उम्र से ब्रिटिश शासन के खिलाफ आवाज उठाने, साम्राज्य को निशाना बनाने के उनके क्रांतिकारी कदमों और महज 23 वर्ष की उम्र में फांसी दिए जाने से, वह भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के उल्लेखनीय नायकों में से एक बन गए।

शहीद दिवस: जब अलीगढ़ में भगत सिंह ने कहा था मेरी भारत माँ बिमार है….

पिछले साल मोदी ने सुनाई थी ये कहानी
भगत सिंह की जयंती पर पिछले साल 28 सितंबर को पीएम मोदी ने कहा था कि 1919 का साल था। अंग्रेजी हुकूमत ने जलियांवाला बाग में कत्लेआम किया था। इस नरसंहार के बाद एक 12 साल का लड़का उस घटनास्थल पर गया। वह स्तब्ध था, यह सोचकर कि कोई भी इतना निर्दयी कैसे हो सकता है? वह मासूम गुस्से की आग में जलने लगा था। उसी जलियांवाला बाग में उसने अंग्रेजी शासन के खिलाफ लड़ने की कसम खाई। वह मासूम कोई और नहीं शहीद वीर भगत सिंह थे।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि शहीद भगत सिंह पराक्रमी होने के साथ-साथ विद्वान भी थे, चिंतक भी थे। अपने जीवन की चिंता किए बगैर भगत सिंह और उनके क्रांतिवीर साथियों ने ऐसे साहसिक कार्यों को अंजाम दिया, जिनका देश की आजादी में बहुत बड़ा योगदान रहा। शहीद वीर भगत सिंह के जीवन का एक और खूबसूरत पहलू यह है कि वे टीम वर्क के महत्व को बखूबी समझते थे।

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