सैलाना के वैक्सीनेशन सेंटर में क्षेत्रीय लोगो को नहीं मिला लाभ-
Last Updated: मई 19, 2021 " 01:41 अपराह्न"
रतलाम/सैलाना| ऑनलाइन वैक्सीनेशन की प्रक्रिया फैलाना क्षेत्र के नागरिकों के लिए उलझन भरी साबित हो रही है आरोप है कि ऑनलाइन वैक्सीनेशन प्रक्रिया के कारण सैलाना के आज दिनांक को हाई स्कूल सैलाना मैं शुरू हुए वैक्सीनेशन सेंटर पर सैलाना एवं क्षेत्र के लोगों को ही इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है| शासन द्वारा कोरोना वायरस को सैलाना क्षेत्र से पूरी तरह मुक्त करने हेतु लॉकडाउन, सख्त नियमावली, कठोर कार्रवाई और वैक्सीनेशन के पति जन जागरण और टीकाकरण की लंबी चौड़ी कार्यवाही सैलाना के नागरिकों उत्साह उस समय समाप्त हो गया जब सैलाना में शुरू हुए वैक्सीनेशन सेंटर में सैलाना के नागरिकों को लाभ नहीं मिला| 18 वर्ष और उससे अधिक आयु वर्ग के लोगों के लिए शुरू हुआ वैक्सीनेशन सेंटर की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया ही उलझन भरी जटिल है जिससे कि अनुसूचित जनजाति बहुल क्षेत्र सैलाना के नागरिकों के लिए प्रक्रिया अपनाना ही कठिन हो गया है| क्षेत्रों में जहां कई ग्रामीण जनों के पास स्मार्टफोन नहीं है वहीं दूसरी ओर सरवर की समस्या भी लगातार बनी हुई है, कोरोना संक्रमण महामारी में लगातार अपनी सेवाएं दे रहे हैं नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि जितेंद्र सिंह राठौर ने बताया है कि रतलाम शहर में पांच वैक्सीनेशन सेंटर हैं जहां पर टीकाकरण की प्रक्रिया चल रही है सैलाना क्षेत्र में एक भी टीकाकरण केंद्र नहीं होने के कारण ही वरिष्ठ अधिकारियों से चर्चा कर क्षेत्र की जनता को कोरोना महामारी से बचाव हेतु टीकाकरण केंद्र की मांग की गई थी लेकिन ऑनलाइन प्रक्रिया के कारण आज शुरू हो गए टीकाकरण कार्यक्रम में अधिकांश बाहर के ही नागरिकों को टीकाकरण किया गया है अनुसूचित जनजाति क्षेत्र होने के कारण सैलाना के नागरिकों को उक्त टीकाकरण केंद्र का लाभ नहीं मिल पाया है, क्षेत्र के अन्य नागरिकों ने भी प्रशासन से मांग की है कि ऑनलाइन की प्रक्रिया में भी सैलाना क्षेत्र के नागरिकों को टीकाकरण में प्राथमिकता दी जाए| 18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग वालों के लिए शुरू हुए हाई स्कूल में टीकाकरण केंद्र पर खबर लिखे जाने तक 80 व्यक्तियों को टीके लगाए जा चुके थे, स्वास्थ्य विभाग के टीकाकरण टीम मैं कप्तान सिंह गौड़, श्रीमती इंदिरा सोलंकी, रमेश डामोर, नीरज परमार आदि ने अपने उल्लेखनीय सेवाएं दी हैं।।