दुर्ग: अंतिम संस्कार के लिए श्मशान घाट में नहीं मिल रही जगह
Last Updated: अप्रैल 4, 2021 " 09:00 पूर्वाह्न"
कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर से जूझ रहे छत्तीसगढ़ के दुर्ग में हालत इतनी खराब हो गई है कि मृतकों के अंतिम संस्कार के लिए श्मशान में जगह नहीं मिल रही। जिला प्रशासन इसके लिए अतिरिक्त मोक्षधाम की व्यवस्था करने में लगा है। बढ़ते संक्रमण के चलते जिले में 6 से 14 अप्रैल तक टोटल लॉकडाउन की घोषणा भी की गई है।
दुर्ग| छत्तीसगढ़ के दुर्ग में कोरोना वायरस का संक्रमण लगातार बेकाबू होता जा रहा है। हालत ऐसी हो गई है कि अस्पतालों में मरीजों के लिए बेड नहीं मिल रहे तो मृतकों के अंतिम संस्कार श्मशान घाट और कब्रिस्तान में जगह नहीं मिल रही है। जिला प्रशासन मरने वालों को दफनाने के लिए उपयुक्त स्थानों की तलाश कर रहा है।
दुर्ग के कलेक्टर ने बताया कि शहर में अंतिम संस्कार के लिए दो श्मशान हैं। बीते दो दिनों में संक्रमण के चलते वाले मरने वालों की संख्या तेजी से बढ़ी है। इसके चलते उनके अंतिम संस्कार के लिए श्मशानों में जगह नहीं मिल रही। उन्होंने कहा है कि प्रशासन अंतिम संस्कार के लिए शहर में अतिरिक्त इंतजाम कर रहा है।
इधर, कलेक्टर ने 6 से 14 अप्रैल तक जिले में टोटल लॉकडाउन का ऐलान किया है। इस दौरान सभी दुकानें, व्यावसायिक प्रतिष्ठान, फैक्ट्री, गोदाम और साप्ताहिक बाजार बंद रहेंगे। धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों पर प्रतिबंध रहेगा और यात्री बसें भी नहीं चलेंगी। केवल इमरजेंसी सेवाओं के लिए छूट दी जाएगी।
जिले में पिछले 26 मार्च से लेकर 1 अप्रैल तक कोरोना संक्रमण के 6344 एक्टिव केस मिले हैं, जबकि 38 लोगों की जान गई। कलेक्टर ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे अपने घरों में ही रहें और अनावश्यक बाहर न निकलें। संक्रमण रोकने के लिए प्रशासन के प्रयासों में आम लोगों से सहयोग का आग्रह किया है।