शराब ठेकेदारों की चेतावनी के बाद शिवराज सरकार का बड़ा फैसला-
Last Updated: मई 5, 2020 " 10:51 पूर्वाह्न"
भोपाल: हाईकोर्ट जाने की चेतावनी के बाद प्रदेश की शिवराज सरकार ने ठेकेदारों के सामने झुक गई है। सरकार ने रेड जोन छोड़कर बाकी सब जगह शराब की दुकान खोलने का समझौता कर लिया है। पहले शराब ठेकेदारों ने ग्रीन जोन में भी ड्यूटी को लेकर शराब दुकाने खोलने से मना कर दिया था ।लेकिन आज मंगलवार दोपहर मैं बैठक के बाद यह फैसला लिया गया है कि अब प्रदेश में 2 घंटे में शराब की दुकानें खुल सकेंगी।
दरअसल सोमवार से पूरे मध्यप्रदेश में शराब की दुकानों को तय नियमों के साथ खोला जा रहा है। इसमें ग्रीन जोन, ऑरेंज जोन शामिल हैं साथ ही रेड जोन के ग्रामीण इलाके भी फैसले के अंतर्गत आ रहे हैं।लेकिन सरकार के इस फैसले पर मप्र लिकर एसोसिएशन आपत्ति जताई थी। शराब ठेकेदार बिल्कुल नहीं चाहते थे कि ऐसी भीषण महामारी के समय शराब ठेके खोले जाएं।शराब ठेकेदारों का साफ कहना है कि हम कहीं भी शराब की दुकान नही खोलना चाहते, चाहे वो ग्रीन जोन हो या ऑरेंज। इसके पीछे का कारण बताते हुए उन्होने कहा कि ज्यादातर शराब की फैक्ट्रियां भोपाल, इंदौर और सागर में हैं। ऐसे में यहां से बनी शराब जब ग्रीन और ऑरेंज जोन में जाएगी तो वो ना जाने कितने हाथों से गुजर कर पहुंचेगी और इस कारण कोरोना के संक्रमण के फैलने का खतरा कई गुना बढ जाता है। इसीलिए हम शराब दुकानों को खोलने के विरोध में हैं।
लिकर एसोसिएशन ने साफ कर दिया है कि वो लगातार सरकार और आबकारी विभाग (excise department) से संपर्क बनाए हुए हैं ताकि वो इस बात को समझे और दुकानें खोलने की परमिशन को खारिज कर दे। लेकिन अगर सरकार शराब दुकानें नहीं बंद करती है तो ऐसे में हम हाईकोर्ट जाकर मदद लेंगें।इसके बाद आज सरकार ने उनके चर्चा की और फैसला किया कि रेड जोन छोड़कर बाकी सब जगह दो घंटे शराब की दुकान खोली जाएंगी।