भू-खण्ड घोटाला और अजर अमर सरपंच?

  
Last Updated:  जुलाई 16, 2020 " 10:07 अपराह्न"

रतलाम/धामनोद: (स्पष्ट खबर)| पौराणिक कथाओं के अनुसार देवताओं, ऋषि मुनियों के अजर अमर होने का वर्णन हैं लेकिन क्या कभी सूना है कि कहीं वर्तमान समय में कोई निर्वाचित जनप्रतिनिधियों में अजर अमर भी है, अगर नहीं सूना तो आज हम आपको बताते हैं कि मध्यप्रदेश के रतलाम जिले के धामनोद नगर पंचायत में सन 2005 में निर्वाचित तत्कालिक ग्राम पंचायत सरपंच अजर अमर हैं?
चौंकिए मत यह कोई चमत्कार या देविय शक्ति नहीं है यह तो भष्ट्राचारियों की कारगुजारियों का कारनामा है|
ज्ञात हो कि प्रदेश के वर्तमान मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा अपने प्रथम कार्यकाल में धामनोद ग्राम पंचायत को नगर पंचायत बनाने की घोषणा की थी जिस पर धामनोद ग्राम पंचायत को सन 2010 में नगर पंचायत बना दिया गया था
इस के पूर्व धामनोद ग्राम पंचायत कार्यालय के अंतिम सरपंच दयाराम खराडी थे |

क्या है मामला, अजर अमर सरपंच कैसे ?

धामनोद नगर में बहुचर्चित आवासीय भू-खण्ड घोटाले में चौंकाने वालें तथ्य सामने आ रहें हैं , जिसमें ग्राम पंचायत कार्याकाल की दिनांक में सरपंच के हस्ताक्षर वाले भू-खण्ड पट्टों के आधार पर कई अपात्र लोगों ने शासकीय भुमि पर फर्जी पट्टों के आधार पर कब्जा किया गया है, मामले में शिकायतें भी लम्बे समय से चल रहीं हैं वहीं एक महिला ने नगर परिषद सीएमओ को बकायदा शपथपत्र देकर खुद को पूर्व सरपंच द्वारा राशि लेकर पुरानी दिनांक में ग्राम पंचायत के लेटरपेड (पट्टा पत्र) पर पूर्व सरपंच के हस्ताक्षर युक्त एक भु-खण्ड पट्टा देने की बात कहीं गई है जिस से यह इंगित होता है कि 2005 से 2009 तक के धामनोद ग्राम पंचायत के अंतिम सरपंच अजर अमर है? जिसके हस्ताक्षर वाले भू-खण्ड पट्टे वर्तमान नगर परिषद कार्यकाल में भी अपात्रों के अवैध कब्जे का आधार बन रहे हैं, इस बात को और मजबूती इस बात से भी मिलती है कि
एक भू-खण्ड पर दो अलग अलग लोगों को भी पट्टे जारी करने का मामला भी समाचारों की सुर्खियों में रहा है तथा नगर के दीनदयाल नगर में धनाठी परिवार से आनेवाले पति- पत्नी का दो भु-खण्डों पर कब्जा है
जब इस बारे में हमारे द्वारा इस विषय में साक्ष्य जुटाया गया तो उसमें चौंकाने वाला खुलासा हुआ है, यहाँ लालू पिता बद्रीलाल पाटीदार एवं लालू की पत्नी सविता बाई के नाम के प्रथक – प्रथक भू-खण्ड पट्टे है और इन दोनों पट्टों के जारी होने की दिनांक भी एक ही होकर 15/05 /2007 है ,

यह भी पढ़े – दो साल आगे का भविष्य देखने वाले दिव्य दृष्टि सरपंच से लेकर , तथाकथित नगर परिषद कर्मचारी संदेह के घेरे में-स्पष्ट खबर


अब इनकी चतुर्थ सीमा देखीं जाये तो
लालू पिता बद्रीलाल पाटीदार के पट्टे
की चतुर्थ सीमा इस प्रकार हैं

पूर्व- श्रीमती सविता बाई
पश्चिम- खुली भुमि
उत्तर- नाला
दक्षिण- आम रास्ता

लालू पिता बद्रीलाल पाटीदार का कथित पट्टा

अब लालू पिता बद्रीलाल की पत्नी सविता बाई के कथित पट्टे की चतुर्थ सीमा इस प्रकार है

पूर्व- गोपाल जी आदीवासी
पश्चिम – लालू का पट्टा
उत्तर- नाला
दक्षिण- आम रास्ता

लालू की पत्नी सविता बाई का पट्टा
अमरीबाई पति गोपाल जी आदीवासी का पट्टा

अब ज्ञात हो की सविता बाई के पट्टे में जिस गोपाल जी आदीवासी के नाम का उल्लेख है इस नाम से उल्लेखित उक्त भूमि पर किसी गोपाल जी आदीवासी का भू-खण्ड मकान नहीं होकर नगर परिषद रिकॉर्ड में भी दर्ज नहीं है
उक्त कथित पट्टे की उल्लेखित चतुर्थ सीमा के पूर्व में अमरी बाई की झोंपड़ी है ओर अमरी बाई गोपाल आदीवासी की पत्नी है
तथा अमरी बाई के पास जो भु-खण्ड पट्टा है उसके जारी करने की दिनांक 07/07/2009 है|
इन साक्ष्यों तथा नगर की एक पीड़ित महिला द्वारा दिये गये शपथ पत्र से इंगित होता है कि सन 2005 के निर्वाचित तत्कालिक सरपंच अजर अमर हैं
जो जब चाहे अपने हस्ताक्षर मोहर का कमाल दिखा सकते हैं|
मामला साक्ष्यों के साथ नगर परिषद सीएमओ के संज्ञान में भी लाया गया है लेकिन लम्बे समय से इस पर कोई कार्यवाही नहीं होने पर इंगित होता है कि अजर अमर सरपंच को सीएमओ अमृत पिलाने का कार्य कर रहे हैं?

 5,576 total views

Facebook Comments

Related Posts

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *